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Friday, 1 August 2014

दूरदर्शिता


अनेकों आहुतियां और बलिदान
कठिन परिश्रम और अत्यंत आलोचनाओं का शिकार
सोने की चिड़िया कही जाने वाली
भारत भूमि की
क्या यही कल्पना की होगी उन्होंने?
स्वतंत्रता सेनानिओं या राष्ट्रपिता बापू ने?

Thursday, 15 May 2014

एक दरिया

चली थी जब वो दुनिया नापने, 
पता न था एक दरिया होगा 
राह में, जिसको पार करना 
बिलकुल भी आसान न होगा.

दर्द थे उसमे भरे पड़े,
खतरे भी थे बड़े बड़े


Tuesday, 13 May 2014

अधिकार महिला दिवस मानाने का


कुछ दिनों पहले हमने महिला दिवस मनाया
 बधाई सन्देश सभी ने माँ बहनों तक पहुँचाया
 हमने कहा जरा अखबार तो देखें 
 महिलाओं पर क्या क्या लेख हैं

दो ही पन्ने अभी पलटे थे 

Friday, 9 May 2014

क्या आज आप जागेंगे !!!


है यह जघन्य अपराध नहीं
तो इससे बड़ा गुनाह तुम क्या लोगे!!
आज भी रहे मौन अगर तो 
अपने अंतर्मन से क्या कहोगे??
आज भी जगे नहीं तो अपने स्वप्न नगर का क्या करोगे?? 
यहाँ  एक  नहीं ..कई  मिटी  हैं 
कई  दामिनी  शर्मसार  हुई  हैं